आंगनबाड़ी केन्द्रों पर बच्चों को पढ़ाई के साथ मिलेगा गर्म पौष्टिक खाना

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जिले के 3914 आंगनबाड़ी केन्द्रों पर होगा ‘हॉट कुक्ड मील योजना’ का संचालन

तीन से छह वर्ष तक के पंजीकृत करीब 1.40 लाख बच्चों को मिलेगा योजना का लाभ

अनंत पत्र

वाराणसी। प्रदेश में राज्य सरकार द्वारा चलाई जा रहीं बेहतर और कल्याणकारी योजनाओं के द्वारा बच्चों को विशेष मदद मिल रही है, जिससे बच्चों के जीवन में भी सुधार देखने को मिल रहा है। इसी क्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ तथा बाल विकास पुष्टाहार विभाग और महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा ‘हॉट कुक्ड मील योजना’ का शुभारंभ किया जा रहा है। इस योजना के माध्यम से आंगनबाड़ी केन्द्रों में पंजीकृत तीन से छह वर्ष तक के बच्चों को बेहतर शिक्षा के साथ पोषक तत्वों व मोटे अनाज से बना गुणवत्तापूर्ण गर्म व ताजा खाना दिया जाएगा, जिससे बच्चों का स्वास्थ्य अच्छा बना रहे। यह जानकारी बाल विकास सेवा एवं पुष्टाहार (आईसीडीएस) विभाग के जिला कार्यक्रम अधिकारी (डीपीओ) दिनेश कुमार सिंह ने दी।
उन्होंने बताया कि इस योजना का मुख्य उद्देश्य जिले में 3914 आंगनबाड़ी केंद्रों में पंजीकृत तीन से छह वर्ष तक के 1,40,925 बच्चों को निर्धारित मेन्यू के जरिये गर्म पका भोजन उपलब्ध कराया जाएगा। इस योजना के सफल संचालन के लिए नगर क्षेत्र व समस्त आठ ब्लॉक के बाल विकास परियोजना अधिकारियों (सीडीपीओ), मुख्य सेविका, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और सहायिकाओं को ज़िम्मेदारी दी गई है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री की यह महत्वाकांक्षी योजना है और इसे जनपद में बेहतर ढंग से लागू करना है। किसी प्रकार की शिकायत या त्रुटि मिलने पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। साथ ही पोषण ट्रैकर पर गृह भ्रमण, बच्चों की मापन क्षमता, लाभार्थियों के मोबाइल वेरीफिकेशन, जियो टैगिंग, कुपोषित तथा अति कुपोषित बच्चों की शत-प्रतिशत फीडिंग सुनिश्चित करने के लिए निर्देश दिया गया है। हर माह जिला पोषण समिति की बैठक में इस योजना की गहन समीक्षा की जाएगी।
डीपीओ ने बताया कि इस योजना से शिक्षा प्राप्त करने वाले पंजीकृत बच्चों को पौष्टिक भोजन प्रदान करना है, जिससे आंगनबाड़ी केन्द्रों में पढ़ने वाले बच्चो की संख्या में वृद्धि होगी।
हॉट कुक्ड मील योजना के लाभ –
• बच्चों को पौष्टिक आहार मिलेगा.
• कुपोषण कम करने में मदद मिलेगी.
• बच्चों की दैनिक उपस्थिति में बढ़ोतरी होगी.
• आंगनबाड़ी केंद्रों में बच्चों का ज्यादा से ज्यादा एडमिशन होगा.

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