अनंत पत्र
वाराणसी। कृषि विभाग द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं में कृषि यंत्रों हेतु चयनित कृषकों का विवरण विभागीय पोर्टल https://agriculture.up.gov.in पर प्रदर्शित है। चयनित कृषकों को कृषि यंत्रों के क्रय उपरान्त अनुदान प्राप्त करने के लिए कुछ शर्ते कृषि निदेशालय लखनऊ द्वारा सुनिश्चित किया गया है।
उप कृषि निदेशक अखिलेश सिंह ने बताया कि किसान उन्ही फर्म से यंत्र क्रय करे जो फर्म upyantratracking.in पोर्टल पर रजिस्टर्ड हों अन्य किसी भी निर्माता कम्पनियों, डिस्ट्रब्यूटर एवं डीलर से किसानों द्वारा क्रय किये गये कृषि यन्त्रों पर अनुदान देय नही होगा। तथा कृषक यह भी सुनिश्चित करे कि यंत्र क्रय करते समय फर्म, डीलर उनका विवरण जैसे पंजीकरण संख्या, आधार संख्या, टोकन संख्या, नाम, एवं गांव आदि upyantratracking.in पोर्टल पर अवश्य फीड करें क्योकि यंत्रो का भौतिक सत्यापन upyantratracking.in पोर्टल के माध्यम से किया जाना है। अगर विवरण फीड नही किया गया होगा तो भौतिक सत्यापन कराना संभव नही हो पायेगा।
साथ ही कृषि यन्त्रों पर उभरा हुआ सीरियल नम्बर अनिवार्य रूप से अंकित हो ऐसा नहीं होने पर अनुदान देय नही होगा।
कृषि यंत्रों, कृषि रक्षा उपकरणों, कस्टम हायरिंग सेन्टर एवं फार्म मशीनरी बैंक के क्रय के लिए फर्मो को यंत्र लागत का कम से कम 50 प्रतिशत धनराशि का भुगतान लाभार्थी के स्वयं के खाते से ही किये जाने पर ही अनुदान के भुगतान की कार्यवाही की जायेगी। उन्होंने ने बताया कि ऐसे कृषक लाभार्थी जो साक्षर नहीं है, जिन्हे चेक बुक जारी नही हो सकता है वें लाभार्थी कृषक अपने परिवार के ब्लड रिलेशन माता, पिता, भाई, बहन(अविवाहित), पुत्र, पुत्री(अविवाहित) एवं पुत्रवधु के खाते से कृषि यंत्रों, कृषि रक्षा उपकरण, कस्टम हायरिंग सेंटर के क्रय हेतु फर्मो को लागत का कम से कम 50 प्रतिशत धनराशि का भुगतान किया जा सकता है। तथा धनराशि रु0 10000.00 से अधिक अनुदान पर वाले कृषि यंत्रों पर लाभार्थियों द्वारा रुपया 100 के स्टाम्प पेपर नोटरी से सत्यापित कराकर निर्धारित शपथ पत्र के साथ ही फोटोयुक्त परिचयपत्र, निवास प्रमाण पत्र, भूमि अभिलेख की प्रति, बैक खाता पासबुक की प्रथम पृष्ठ की प्रति, आधार कार्ड की प्रति एवं स्पेशल कम्पोनेन्ट (अनु0जाति/अनु0ज0जाति) मे लाभ प्राप्त करने हेतु जाति प्रमाण पत्र प्रस्तुत करना आवश्यक होगा। फार्म मशीनरी बैंक के स्थापना के तहत रूपया 5 से 15 लाख की परियोजना लागत का कम से कम 35 प्रतिशत फसल अवशेष प्रबंधन के कृषि यंत्रों को सम्मिलित करना अनिवार्य है।